करोल बाग में कारोबारी की कार से ₹2 करोड़ से ज्यादा की ज्वेलरी चोरी, डिनर के बाद लौटे तो टूटा मिला शीशा
दिल्ली के करोल बाग इलाके में एक ज्वेलरी कारोबारी की कार से कथित तौर पर ₹2 करोड़ से अधिक कीमत की सोने और हीरे की ज्वेलरी चोरी हो गई। कारोबारी अपने बेटे और एक कर्मचारी के साथ व्यापारिक काम से दिल्ली आया था। पुलिस अब आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगालकर आरोपियों तक पहुंचने की कोशिश कर रही है।

दिल्ली के करोल बाग में बड़ी चोरी
दिल्ली के करोल बाग से सामने आई इस चोरी की घटना ने कारोबारी सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। रिपोर्टों के मुताबिक, एक ज्वेलरी कारोबारी की कार की पिछली खिड़की तोड़कर उसमें रखे तीन बैग और एक सूटकेस चोरी कर लिया गया। इन सामानों में सोने और हीरे की ज्वेलरी समेत कई जरूरी चीजें थीं।
चोरी हुए आभूषणों की कीमत ₹2 करोड़ से ज्यादा बताई जा रही है। मामले की शिकायत मिलने के बाद दिल्ली पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
कारोबारी 18 अगस्त को दिल्ली आया था
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, ज्वेलरी कारोबारी कन्हैया लाल, जो SKG Kundan Crafts से जुड़े बताए जा रहे हैं, 18 अगस्त को अपने बेटे ध्रुव सोनी और एक कर्मचारी के साथ दिल्ली पहुंचे थे।
उनका दिल्ली आने का उद्देश्य व्यापार से जुड़ा मार्केटिंग और ज्वेलर्स से संपर्क करना बताया गया है। उनके साथ तीन बैकपैक और एक सूटकेस था।
रिपोर्ट के मुताबिक, बैगों में सोने और हीरे की ज्वेलरी के अलावा लैपटॉप और आधार कार्ड जैसे सामान भी रखे थे, जबकि सूटकेस में कपड़े थे।
पहले ग्रेटर कैलाश, फिर करोल बाग पहुंचे
बताया गया है कि 19 अगस्त को कारोबारी ने ग्रेटर कैलाश के M-Block Market में कई ज्वेलर्स से मुलाकात की। इसके बाद शाम के समय वह करोल बाग पहुंचे।
करीब शाम 5:30 बजे उन्होंने अपनी कार आर्य समाज रोड पर, Canara Bank के सामने पार्क की। इसके बाद कारोबारी, उनका बेटा और कर्मचारी पास के एक रेस्तरां में डिनर करने चले गए।
करीब डेढ़ घंटे बाद लौटे तो उड़ गए होश
रिपोर्टों के अनुसार, करीब शाम 7:15 बजे जब तीनों वापस कार के पास पहुंचे तो कार की पिछली खिड़की टूटी हुई मिली।
कार में रखे तीन बैकपैक और एक सूटकेस गायब थे।
शिकायत में बताया गया कि बैगों में रखी सोने और हीरे की ज्वेलरी की कुल कीमत ₹2 करोड़ से अधिक थी। इसके अलावा लैपटॉप, आधार कार्ड और अन्य निजी तथा कारोबारी सामान भी चोरी हुआ।
CCTV फुटेज से आरोपियों तक पहुंचने की कोशिश
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है, ताकि चोरी करने वाले लोगों की पहचान की जा सके।
जांच का एक अहम पहलू यह भी है कि पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या कारोबारी और उसके साथियों की गतिविधियों पर पहले से किसी की नजर थी।
जांचकर्ता कार पार्क करने से पहले और उसके बाद कारोबारी तथा उसके साथ मौजूद लोगों की गतिविधियों की भी पड़ताल कर रहे हैं। इससे यह पता लगाने में मदद मिल सकती है कि आरोपियों ने पहले उनका पीछा किया था या चोरी का मौका मौके पर ही बनाया गया।
अभी तक आरोपी पुलिस की गिरफ्त से बाहर
ताजा रिपोर्टों के मुताबिक, पुलिस ने मामले की जांच तेज कर दी है, लेकिन उपलब्ध जानकारी के अनुसार इस मामले में अभी आरोपियों की गिरफ्तारी या चोरी की ज्वेलरी की बरामदगी की पुष्टि नहीं हुई है।
पुलिस का लक्ष्य CCTV और अन्य जांच सुरागों के जरिए संदिग्धों की पहचान करना और चोरी हुआ सामान बरामद करना है। मामले में आगे की जांच जारी है।
कारोबारी सुरक्षा को लेकर फिर उठे सवाल
इस घटना ने खास तौर पर उन कारोबारियों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है जो बड़ी मात्रा में कीमती सामान लेकर शहर में यात्रा करते हैं।
हालांकि इस मामले में पुलिस की जांच अभी जारी है, लेकिन घटना यह दिखाती है कि वाहन में कीमती सामान छोड़कर थोड़े समय के लिए भी दूर जाना जोखिम भरा हो सकता है। खासकर ऐसे मामलों में जहां सामान की कीमत बहुत अधिक हो, सुरक्षा व्यवस्था और परिवहन के तरीके पर अतिरिक्त सावधानी जरूरी हो जाती है।
- घटना: दिल्ली के करोल बाग में कार से चोरी
- घटना की तारीख: 19 अगस्त 2026
- मामला सामने आया: 21 अगस्त 2026 की रिपोर्टों में
- चोरी की अनुमानित कीमत: ₹2 करोड़ से अधिक
- सामान: सोने-हीरे की ज्वेलरी, लैपटॉप, आधार कार्ड और अन्य सामान
- जांच: दिल्ली पुलिस द्वारा CCTV फुटेज की जांच
- आरोपियों की स्थिति: ताजा उपलब्ध रिपोर्टों में गिरफ्तारी की पुष्टि नहीं
- ज्वेलरी की बरामदगी: अभी पुष्टि नहीं
नोट: चोरी की रकम और घटना से जुड़े अन्य विवरण पुलिस शिकायत/मीडिया रिपोर्टों में बताए गए हैं। जांच पूरी होने तक आरोपियों की पहचान और घटना के अन्य पहलुओं को लेकर अंतिम निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा।
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